पटना. भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण ने बिहटा में नए एयरपोर्ट के निर्माण की मंजूरी दे दी है. इस फैसले के तहत रूस की एक कंपनी को हवाई अड्डा निर्माण का ठेका गया है. इसके साथ ही इसके निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो गई है. बिहटा एयरपोर्ट का निर्माण इंजीनियरिंग प्रोक्योरमेंट एंड कंस्ट्रक्शन मोड में पूरा किया जाएगा. बिहटा एयरपोर्ट के निर्माण से पटना एयरपोर्ट पर यात्रियों का दबाव घटेगा. इस टर्मिनल बिल्डिंग में एक समय में 3000 यात्रियों के बैठने की क्षमता होगी और यहां 10 विमान की पार्किंग हो सकेगी. ऐसा हो जाने से A 321, B-737-800 और A 320 जैसे विमानों को खड़ा किया जा सकेगा
बता दें कि बिहटा से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू करने के लिए इसके रनवे के विस्तार की योजना पर भी काम चल रहा है. बड़े विमानों की आवाजाही के लिए इसके रनवे का विस्तार होना है. रनवे की लंबाई बढ़कर 3700 मीटर तक किए जाने की योजना पर मंथन जारी है. बिहटा हवाई अड्डा परियोजना के तहत बिहटा में नया एकीकृत टर्मिनल भवन, यूटिलिटी बिल्डिंग, एलिवेटेड रोड, इलेक्ट्रोनिक वर्क एयरपोर्ट सिस्टम, आईटी सिस्टम और सुरक्षा प्रणाली सहित व्यापक रखरखाव और संचालन कार्य दिया गया है. बिहटा एयरपोर्ट का निर्माण वर्ष 2027 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है.
बिहार सरकार ने 108 एकड़ जमीन दी
दरअसल, बिहटा एयरपोर्ट के निर्माण के साथ ही बिहार के विकास में एक नया पंख लग लगने वाला है. इस एयरपोर्ट का निर्माण भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण (एएआई) द्वारा 459 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा. रूस की एक कंपनी को इस परियोजना का कांट्रैक्ट सौंपा गया है, और इस परियोजना का लक्ष्य बिहार में एयर ट्रांसपोर्ट सुविधाओं को बेहतर बनाना है. बिहार सरकार ने इसके लिए 108 एकड़ जमीन आवंटित की है, जिस पर एयरपोर्ट का निर्माण किया जाएगा.
