फ्रांस पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐलान किया कि भारत फ्रांस को स्वदेशी पिनाका रॉकेट लॉन्चर देने जा रहा है. इससे दोनों देशों के रिश्ते एक खास मुकाम पर पहुंच गए हैं. फ्रांस भारत का स्ट्रैटजिक पार्टनर रहा है. उसका राफेल फाइटर जेट जब से भारत में आया है, चीन-पाकिस्तान की नींद उड़ गई है. लेकिन भारत उसे अपना सबसे घातक हथियार देने जा रहा है. पिनाका रॉकेट लॉन्चर इतना घातक है कि सिर्फ 44 सेकेंड में 72 रॉकेट लॉन्च करता है. और उससे भी खास बात, इसके टारगेट्स हर बार अलग-अलग होते हैं. आज हम आपको इसकी खूबियां बताने जा रहे हैं
सबसे बड़ी बात, पिनाका रॉकेट लॉन्चर स्वदेशी है. पिनाका की एक बैटरी में 6 फायरिंग यूनिट यानी लॉन्चर होती है और एक लॉन्चर में 12 ट्यूब होती हैं. यानी कि एक बैटरी में कुल मिलाकर 72 रॉकेट होते हैं और महज 44 सेकेंड ये सारे रॉकेट लॉन्च हो जाते हैं.
लॉंचिंग के तुरंत बाद से लॉन्चर अपना लोकेशन बदलते हैं और फिर दोबारा से आर्मड हो जाते हैं. इससे दुश्मन को काफी कम वक्त मिलता है और तबाही काफी ज्यादा होती है. दुनिया इसे सबसे घातक लॉन्चर मानती है.
पिनाका रॉकेट लॉन्चर की मारक क्षमता 38 किलोमीटर है. यानी 38 किलोमीटर दूर रहकर दुश्मन के ठिकानों को तबाह किया जा सकता है. इसके लिए आर्मी को न लड़ाकू विमान भेजने की जरूरत है और न किसी सैनिक की जान जोखिम में डालनी होगी.
पिनाका एक साथ पूरी बैटरी दागने पर दुश्मन के 1000 गुना 800 मीटर के इलाके को पूरी तरह से तहस नहस कर सकता है. इसका एक राउंड तकरीबन 25-30 लाख रुपये के करीब बताया जाता है. हर रॉकेट का वजन 278 किलो है.
फिलहाल भारतीय सेना के पास पिनाका कि 4 रेजिमेंट हैं. हर रेजिमेंट में 3 बैटरी और हर बैटरी में 6 लॉन्चर हैं. साल 2027 तक सेना में इसकी रेजिमेंट का संख्या 10 हो जाएगी.
पिकाना के नए अवतार पर भी काम जारी है. पिनाका एक्टेंडेड रेंज का सफल परिक्षण किया जा चुका है. इसकी रेंज को 37 किलोमीटर से 75 किलोमीटर किया जा रहा है. इसकी रेंज को 120 और 300 किलोमीटर तक करने के लिए काम होना है.
